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धिकरण ने ऑडिट में कालिंदी अस्पताल में मरीजों के इलाज में फर्जीवाड़े का खुलासा किया था। जिसमें 171 सर्जरी के मामलों में मरीजों के मेडिकल रिपोर्ट में डॉक्टर के फर्जी हस्ताक्षर किए गए।

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आयुष्मान योजना में फर्जीवाड़ा करने पर राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण ने कालिंदी अस्पताल को पांच साल के लिए काली सूची में डाला दिया है। इस संबंध में प्राधिकारी के निदेशक प्रशासन डॉ. वीएस टोलिया ने आदेश जारी किए हैं।

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प्राधिकरण ने ऑडिट में कालिंदी अस्पताल में मरीजों के इलाज में फर्जीवाड़े का खुलासा किया था। जिसमें 171 सर्जरी के मामलों में मरीजों के मेडिकल रिपोर्ट में डॉक्टर के फर्जी हस्ताक्षर किए गए। जबकि 410 मरीजों के इलाज में ओटी टेक्नीशियन से एनेस्थसिया दिया गया।

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इस पर प्राधिकरण ने अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ विकासनगर थाने में मुकदमा दर्ज किया है। साथ ही अस्पताल के 11 करोड़ से अधिक के क्लेम को रद्द करने की कार्रवाई कर आयुष्मान योजना की सूचीबद्धता समाप्त की गई। अब प्राधिकरण ने अस्पताल को पांच साल के लिए काली सूची में डाला दिया है।

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