खबर शेयर करें -

जीएसटी काउंसिल की 56वीं बैठक: जीएसटी स्लैब घटाकर सिर्फ दो कर, 22 सितंबर से होंगे ये सामान सस्ते

नई दिल्ली, 4 सितंबर 2025 — केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में बुधवार को हुई जीएसटी काउंसिल की 56वीं बैठक में सबसे बड़ा फैसला लिया गया है। देश के जीएसटी प्रणाली में बदलाव करते हुए अब स्लैब की संख्या तीन से घटाकर सिर्फ दो कर दी गई है। 22 सितंबर 2025 से यह नया कर ढांचा लागू होगा, जिससे कई आवश्यक और दैनिक उपभोग की वस्तुएं सस्ती हो जाएंगी।

यह भी पढ़ें -  🚨 हल्दूचौड़ में दंपति की मौत मामले की जांच शुरू अलग-अलग कमरों में फंदे पर लटके मिले – सूदखोरी के तनाव का शक? पुलिस ने कई एंगल से जांच तेज की 😲💔

दो टैक्स स्लैब: 5% और 18%

जीएसटी काउंसिल ने मौजूदा चार स्लैब 5%, 12%, 18%, और 28% को समाप्त करते हुए केवल दो स्लैब लागू करने का ऐलान किया है। अब अधिकतर वस्तुएं 5% या 18% की दर से टैक्स योग्य होंगी। साथ ही, विशेष प्रीमियम, लक्जरी, और सिगरेट जैसे धुआं उत्पादों के लिए 40% का स्लैब रखा गया है।

22 सितंबर से क्या सस्ता होगा?

  • रोटी, पराठा जैसी खाने की जरूरी चीजें

  • घरेलू उपयोग के उत्पाद जैसे साबुन, टूथपेस्ट, दवाइयां

  • टीवी, एयर कंडीशनर, वाशिंग मशीन जैसे घरेलू उपकरणों पर कर घटा

  • स्वास्थ्य और जीवन बीमा पॉलिसी अब जीएसटी मुक्त

  • कुछ कृषि उपकरणों पर भी कम कर दर लागू होगी

यह भी पढ़ें -  🚨 UKSSSC भर्ती 2025 बड़ा अपडेट! 57 पदों पर सीधी भर्ती शुरू — 30 दिसंबर तक करें आवेदन, पेपर लीक कांड के बाद आयोग ने कसी सख्ती!

इन बदलावों का मकसद आम जनता पर कर बोझ कम करना, घरेलू खरीदारी को प्रोत्साहित करना और कारोबार को सरल बनाना है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस नए जीएसटी सुधार की सराहना की और इसे देश के लिए बहुप्रतीक्षित विकास कदम बताया।

क्यों है यह कदम महत्वपूर्ण?

इस कदम से कर दरों की जटिलता कम होगी, सरकारी राजस्व में स्थिरता आएगी और छोटे व मध्यम व्यापारिक प्रतिष्ठानों का काम आसान होगा। साथ ही, ब्लॉक्ड कैपिटल को रिलीज करने में मदद मिलेगी, जिससे पूरे आर्थिक चक्र को गति मिलेगी।

यह भी पढ़ें -  🟥 🟥दुबई के 900 करोड़ के ब्लूचिप घोटाले का मास्टरमाइंड पकड़ा गया! देहरादून में छिपा बैठा था—फूड डिलीवरी ने कर दी पोल 😳🚨

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, “यह एक व्यापक सुधार है जो सिर्फ दरों को कम करने तक सीमित नहीं है, बल्कि जीएसटी प्रणाली को और अधिक संगठित और पारदर्शी बनाने की ओर एक कदम है।”


यह नया जीएसटी ढांचा 22 सितंबर, 2025 से पूरे देश में लागू हो जाएगा। उपभोक्ता इस नवाचार से तत्काल ही लाभान्वित होंगे, खासकर त्योहारों के सीजन में।

Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad