भीमताल में जुआ के बाद हल्द्वानी में पथराव और फायरिंग मामले की जांच पुलिस ने शुरू कर दी है। हल्द्वानी में यह घटना भोटियापड़ाव क्षेत्र से शुरू हुई थी, जहां से तीन कार सवारों ने एक कार सवार का पीछा किया। उसकी कार पर फायर झोंके और पथराव किए। पुलिस घटना स्थल पर लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। मामले की जांच कोतवाली के एसएसआई महेंद्र प्रसाद को सौंपी गई है।
पुरानी आईटीआई तल्ली हल्द्वानी निवासी घनश्याम पंत पुत्र चारू चन्द्र पंत ने पुलिस को बताया था कि 19 फरवरी को वह अपनी कार से भीमताल से अपने घर को जा रहा था। रात करीब साढ़े 10 बजे वह भोटियापड़ाव के पास पहुंचे तो तीन कार सवारों ने उनका पीछा शुरू कर दिया। भागते हुए वह सिंदी चौराहा से मंडी के पास इंदिरा नगर की मुड़ गए। बचने के लिए गौलापार रोड पर गलत साइड आंवला चौकी को चला गया और हड़बड़ी में कार डिवाइडर से टकरा गई। तभी पीछा कर रहे लोगों ने पत्थर कर दिया। कार में मौजूद घनश्याम का दोस्त संजय जायसवाल उतर कर भाग गया।
घनश्याम कार लेकर गौजाजाली होते हुए बरेली रोड पर आईटीआई पहुंचे और गाड़ी वहीं छोड़कर भाग गए। उनका कहना है कि एक घंटे बाद वह वापस लौटे तो देखा कि गाड़ी के पीछे और बायी ओर दो छेद के निशान थे। धनश्याम का कहना है कि यह निशान गोलियों के थे। आरोप कि गोलियां भरत भूषण, विरेन्द्र बोरा, मोनू पंडित और जीवन पांडे ने चलाई थी। कोतवाल राजेश कुमार यादव का कहना है कि मामले की जांच एसएसआई महेंद्र प्रसाद कर रहे हैं। पीड़ित ने तहरीर में जिन-जिन घटना स्थल का जिक्र किया है, उन स्थानों पर लगे सीसीटीवी फुटेज चेक किए जा रहे हैं।


