खबर शेयर करें -

कुमाऊं में साइबर अपराध बढ़ता जा रहा है। कुमाऊं में जितने मुकदमे दर्ज हो रहे हैं, उसमें से 50 प्रतिशत मुकदमे साइबर क्राइम के हैं। यानी हर दूसरा मुकदमा साइबर ठगी का है।

हल्द्वानी – गौलापार निवासी व्यक्ति से युवती ने वीडियो कॉल पर बातचीत कर भेजी अश्लील क्लिपिंग, हड़पे 1 लाख 85 हजार

कुमाऊं में साइबर अपराध बढ़ता जा रहा है। कुमाऊं में जितने मुकदमे दर्ज हो रहे हैं, उसमें से 50 प्रतिशत मुकदमे साइबर क्राइम के हैं। यानी हर दूसरा मुकदमा साइबर ठगी का है। जी हां, ये आंकड़े पुलिस ने पेश किए हैं। ऊधमसिंह नगर जिले में सबसे अधिक साइबर ठगी हुई है। पांच महीने में साइबर ठगों ने ऊधमसिंह नगर जिले के लोगों से 1.70 करोड़ रुपये की ठगी की है।
मंगलवार को आईजी कुमाऊं डा. नीलेश आनंद भरणे ने साइबर अपराध की समीक्षा बैठक में ये आंकड़े पेश किए। सबसे ज्यादा घटनाएं ऊधमसिंहनगर जिले में हुईं। यहां अब तक 17053637 रुपये की ठगी हुई और पुलिस ने 5059771 रुपये पीड़ितों को वापस दिलाए।

यह भी पढ़ें -  हल्द्वानी: प्रतिष्ठित होटल के कर्मचारी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, कीटनाशक गटकने से मचा हड़कंप

इसी तरह अल्मोड़ा में 2935554 रुपये में से 607400 रुपये, बागेश्वर 2931841 रुपये में से 179612 रुपये, पिथौगढ़ में 1518696 रुपये में से 1108000, चंपावत में 3697114 रुपये में 2035361 और नैनीताल जिले में हुई 4894271 रुपये की ठगी में से 376977 रुपये पीड़ितों को वापस कराए गए।
एसआर केसों की समीक्षा के दौरान सामने आया कि कुमाऊं में ऊधमसिंहननगर में एक, नैनीताल में एक और पिथौरागढ़ जिले में दो केस लम्बित हैं। जबकि नैनीताल में 36, ऊधमसिंह नगर में 88, अल्मोड़ा में 8, बागेश्वर में 2, पिथौरागढ़ में 18 और चंपावत में 10 अभियोग लंबित हैं।

यह भी पढ़ें -  🌫️ घनी धुंध ने रोकी कुमाऊं की उड़ानें! 26 हेलीकॉप्टर फ्लाइट रद्द, यात्रियों में हड़कंप

रिकवरी में बागेश्वर फिसड्डी, पिथौराढ़ अव्वल

हल्द्वानी। बागेश्वर जिले में भी साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहा है जबकि यहां रिकवरी के कम आंकड़े पुलिसिंग पर सवाल खड़े कर रहे हैं जबकि रिकवरी के मामले में पिथौरागढ़ पुलिस का रिकार्ड अन्य जिलों की पुलिस से बेहतर है। यह खुलासा मंगलवार को आईजी डॉ. नीलेश आनंद भरणे की वर्चुअल गोष्ठी में हुआ, जिसमें सभी जिलों के सीओ ऑपरेशन शामिल रहे।

नैनीताल और अल्मोड़ा ने नहीं खोला एक भी केस
हल्द्वानी। जिलेवार समीक्षा के दौरान यह भी सामने आया कि अल्मोड़ा जिले में 2 अभियोग पंजीकृत किए गए, लेकिन खुलासा एक का भी नहीं हो सका। पिथौरागढ़ पुलिस ने 12 अभियोग पंजीकृत किए और 2 मामलों का खुलासा किया। चंपावत पुलिस ने 3 में से 1 केस वर्कआउट किया। नैनीताल पुलिस ने 10 केस में से एक भी नहीं खोला। ऊधमसिंहनगर ने 46 में से सिर्फ 3 मामलों का अनावरण किया।

यह भी पढ़ें -  नैनीताल दुग्ध संघ का बड़ा फैसला: दुग्ध उत्पादकों के लिए ₹2 मूल्य वृद्धि की घोषणा, 700 महिलाओं के बीच अध्यक्ष मुकेश बोरा ने दी सौगात

मोबाइल फोन की बरामदगी
अल्मोड़ा में 125 में से 35
बागेश्वर 103 में से 23
पिथौगगढ में 280 में से 50
चंपावत में 207 में 68
नैनीताल में 1501 में 310
ऊधमसिंह नगर में 2022 में से 424

आईजी ने दिए ये निर्देश
1- साइबर मामलों का निस्तारण शत प्रतिशत किया जाए।
2- थानों में आने वाली शिकायतों का तुरंत संज्ञान लिया जाए।
3- साइबर सेल में प्रशिक्षित कर्मी नियुक्त किए जाएं।
4- साइबर अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें बाहरी राज्यों में भेजी जाएं।

प‍िता ने नाबालिग बेटी से क‍िया दुष्कर्म, मां के पैरों तले खि‍सक गई जमीन; आरोपी ग‍िरफ्तार

Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad