लालकुआं/गोरापड़ाव। नैनीताल जिले के अंतर्गत गोरापड़ाव क्षेत्र में होटल मैनेजमेंट (HM) के एक छात्र का शव रेलवे पटरी के बीच संदिग्ध अवस्था में मिलने से हड़कंप मच गया है। मृतक के शरीर, विशेषकर कमर और मुंह पर गंभीर चोटों के निशान पाए गए हैं। घटना के बाद से मृतक के दो घनिष्ठ मित्रों की भूमिका अत्यंत संदिग्ध मानी जा रही है। पुलिस का कहना है कि वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल, पोस्टमार्टम के पश्चात शव परिजनों को सौंप दिया गया है।

मध्यरात्रि में रेलवे ट्रैक पर मिला शव
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रविवार की देर रात हाथीखाल (गोरापड़ाव) निवासी सौरभ सिंह बजेठा (उम्र 24 वर्ष) का शव हाथीखाल क्षेत्र में ही रेल की पटरियों के बीच बरामद हुआ। स्थानीय नागरिकों द्वारा सूचना मिलने पर पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी भेज दिया। पुलिस का अनुमान है कि युवक संभवतः संपर्क क्रांति ट्रेन की चपेट में आया है, परंतु परिजनों ने घटना को लेकर गहरा संदेह व्यक्त किया है।
मित्रों की भूमिका पर गहराया संदेह
मृतक सौरभ बजेठा आम्रपाली इंस्टीट्यूट में होटल मैनेजमेंट का छात्र था। घटनाक्रम में उसके दो मित्रों—जतिन रौतेला (निवासी भट्ट कॉलोनी) और भूपेश बिष्ट उर्फ भूप्पी (संचालक, टीटी कैफे, हाथीखाल)—की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं।
मृतक के रिश्ते के जीजा सुनील ने बताया कि रात लगभग 12:20 बजे जतिन रौतेला का उनके पास फोन आया, जिसने सौरभ के ट्रेन एक्सीडेंट की सूचना दी। आश्चर्यजनक तथ्य यह है कि पड़ोस में रहने और घटना की जानकारी देने के बावजूद, दोनों मित्र सोमवार दोपहर 2:00 बजे तक सौरभ को देखने मोर्चरी नहीं पहुंचे। संस्थान के अन्य छात्र जब उनसे फोन पर संपर्क कर रहे हैं, तो वे मोर्चरी आने में लगातार टाल-मटोल कर रहे हैं।
साक्ष्य मिटाने का आरोप: मोबाइल डेटा डिलीट
घटनास्थल से कुछ दूरी पर घास के पास सौरभ का मोबाइल फोन और हाथ का कड़ा बरामद हुआ है। परिजनों का आरोप है कि सौरभ के मोबाइल फोन से कॉल डिटेल्स (कॉल हिस्ट्री) डिलीट की गई है, जो साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ की ओर इशारा करता है। परिजनों ने इस बिंदु पर गहन जांच की मांग की है।
परिवार का रो-रोकर बुरा हाल
मृतक सौरभ के पिता थान सिंह (पूर्व सैनिक) का कुछ वर्ष पूर्व ही निधन हो चुका है। सौरभ अपने पीछे 97 वर्षीय दादा वीर सिंह (पूर्व सैनिक), माता पार्वती देवी (48 वर्ष) और 22 वर्षीय छोटी बहन वंदना बजेठा को छोड़ गया है। इस असमय और संदिग्ध दुखद घटना से पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।


