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इस बार राजस्थान के बीकानेर में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं. राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के मुताबिक, रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 4.2 की रही. बीते मंगलवार को भी राजस्थान में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे और लोग घरों से बाहर निकल आए थे.

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पिछले कुछ दिनों से देश के विभिन्न हिस्सों में भूकंप के झटके लगातार महसूस किए जा रहे हैं. आज सुबह राजस्थान के बीकानेर में फिर भूकंप के झटके लगे हैं.  राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के मुताबिक, रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 4.2 की रही. भूकंप के ये झटके तड़के 2 बजकर 16 मिनट पर महसूस किए गए और इसका केंद्र बीकानेर से 516 किमी. दूर पश्चिम में रहा. इसमें किसी तरह के जानमाल के नुकसान की खबर नहीं है.

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मंगलवार को कई राज्यों में आया था भूकंप

बीते मंगलवार को ही भारत के कई राज्यों में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए थे. रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 6.6 थी. मंगलवार रात आए इस भूकंप का असर दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, जम्मू कश्मीर, हिमाचल, पंजाब, मध्यप्रदेश और उत्तराखंड समेत पूरे उत्तर भारत में रहा. भूकंप का केंद्र अफगानिस्तान का हिंदू कुश क्षेत्र था. इन झटकों के बाद लोग दहशत में आ गए और अपने अपने घरों से बाहर आ गए. हालांकि, गनीमत रही कि अब तक देश से किसी भी तरह के जानमाल के नुकसान की खबर सामने नहीं आई थी.

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क्यों आता है भूकंप

धरती मुख्यत: चार परतों से बनी हुई है. इनर कोर, आउटर कोर, मैनटल और क्रस्ट. क्रस्ट और ऊपरी मैन्टल कोर को लिथोस्फेयर कहा जाता है. अब ये 50 किलोमीटर की मोटी परत कई वर्गों में बंटी हुई है जिन्हें टैक्टोनिक प्लेट्स कहा जाता है. यानि धरती की ऊपरी सतह 7 टेक्टोनिक प्लेटों से मिलकर बनी है. ये प्लेटें कभी भी स्थिर नहीं होती, ये लगातार हिलती रहती हैं, जब ये प्लेटें एक दूसरे की तरफ बढ़ती है तो इनमें आपस में टकराव होता है. कई बार ये प्लेट्स टूट भी जाती हैं. इनके टकराने से बड़ी मात्रा में ऊर्जा निकलती है जिससे इलाके में हलचल होती है. कई बार ये झटके काफी कम तीव्रता के होते हैं, इसलिए ये महसूस भी नहीं होते. जबकि कई बार इतनी ज्यादा तीव्रता के होते हैं, कि धरती फट तक जाती है.

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