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लालकुआं (नैनीताल)/ संवाददाता:

रेलवे स्टेशन लालकुआं में संदिग्ध परिस्थितियों में भटक रहे एक 12 वर्षीय किशोर को जीआरपी ने संरक्षण में लेकर चाइल्ड हेल्पलाइन के सुपुर्द किया है। इस दौरान बालक की निडरता और उसकी वाकपटुता चर्चा का विषय बनी रही। जब डॉक्टर ने उससे इतनी दूर आने पर डर के बारे में पूछा, तो उसने बेबाकी से जवाब दिया— “मोदी राज है, डर काहे का!”

पुलिस की सक्रियता से मिला संरक्षण

​जानकारी के अनुसार, लालकुआं रेलवे स्टेशन पर एक बालक को अकेला भटकता देख जीआरपी चौकी में तैनात कांस्टेबल राजेश मेहरा और गणेश पांडे की नजर उस पर पड़ी। पुलिसकर्मियों ने जब उससे पूछताछ की, तो पता चला कि वह अपना रास्ता भटक गया है। परिजनों का कोई संपर्क नंबर न मिल पाने के कारण जीआरपी ने तत्काल इसकी सूचना चाइल्ड हेल्पलाइन को दी।

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चिकित्सीय परीक्षण और किशोर का ‘निडर’ जवाब

​महिला कल्याण विभाग हल्द्वानी से पहुंचे कुलदीप और ललित किशोर को लेकर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लालकुआं पहुंचे। वहां प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. प्रेमलता शर्मा ने बच्चे की मेडिकल जांच की। जांच के दौरान जब डॉक्टर ने ममता भरे लहजे में पूछा कि “बेटा, उत्तर प्रदेश के सोरों जी से इतनी दूर उत्तराखंड आने में तुम्हें डर नहीं लगा?” तो किशोर ने तपाक से जवाब दिया— “मोदी राज है, डर काहे का।” बालक का यह आत्मविश्वास देख वहां मौजूद सभी अधिकारी और स्वास्थ्यकर्मी दंग रह गए।

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परिजनों की तलाश जारी

​बालक ने अपना नाम बताते हुए खुद को उत्तर प्रदेश के जनपद एटा के समीपवर्ती क्षेत्र सोरों जी के ग्राम गंगागढ़ का निवासी बताया है। फिलहाल, बाल कल्याण समिति (चाइल्ड हेल्पलाइन) की टीम किशोर को अपने साथ ले गई है। संस्था के प्रतिनिधियों ने बताया कि बच्चे को सुरक्षित स्थान पर रखकर उसके परिजनों की तलाश की जा रही है, ताकि उसे जल्द से जल्द घर पहुंचाया जा सके।

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अग्रसर भारत की अपील: यदि आप इस बालक या इसके परिजनों को जानते हैं, तो कृपया नजदीकी पुलिस स्टेशन या चाइल्ड हेल्पलाइन को सूचित करें ताकि यह बच्चा अपने माता-पिता की गोद में वापस लौट सके। इस खबर को अधिक से अधिक साझा करें ताकि यह बालक के गांव गंगागढ़ (एटा/सोरों) तक पहुंच सके।

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