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खून में भरे Uric Acid को फटाक से कम करता है इन 2 सब्जियों का जूस, किडनी की पथरी और गठिया से भी मिलेगी मुक्ति

यूरिक एसिड खून में पाया जाने वाला एक गंदा पदार्थ है, जो गठिया, किडनी की पथरी, गाउट जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है, इसे आप घर में बने सब्जियों के जूस से कम कर सकते हैं।
क्या आपके शरीर, जोड़ों, उंगलियों, पंजों, पीठ के निचले हिस्से में गंभीर दर्द रहता है? यह समस्या यूरिक एसिड लेवल (Uric Acid ) बढ़ने का संकेत हो सकता है। जोड़ों में दर्द या मांसपेशियों में ऐंठन सिर्फ गठिया की वजह नहीं बल्कि यूरिक एसिड बढ़ने से भी होता है।यूरिक एसिड बड़ने से किसी को हल्की सूजन भी रहती है किसी स्थिति में सूजन बिल्कुल महसूस नही होती केवल दर्द बना रहता है (uric acid) यह किडनी में भी असर डाल सकता है यूरिक एसिड क्या है? खाने-पीने की खराब आदतें, सुस्त जीवनशैली या बहुत अधिक तनाव जैसे कारक शरीर में यूरिक एसिड लेवल को बढ़ा सकती हैं।

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यूरिक एसिड बढ़ने के नुकसान क्या हैं? यूरिक एसिड आपकी किडनियों, लिवर और दिल के कामकाज को बाधित कर सकता है। इससे शरीर और मांसपेशियों में दर्द बढ़ सकता है। खून में बहुत अधिक यूरिक एसिड बढ़ने से आपको हाइपरयुरिसीमिया, किडनी की पथरी, गठिया और गाउट जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा हो सकता है।

आपको कुछ खास जूस के बारे में जानकारी दी जा रही है , जो यूरिक एसिड लेवल कम करने में मदद कर सकते हैं।

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ताजा गाजर के रस में नींबू का रस मिलाकर पीने से बढ़े हुए यूरिक एसिड को कंट्रोल किया जा सकता है। ऐसा इसलिए क्‍योंकि गाजर के जूस में एंटीऑक्‍सीडेंट, विटामिन ए, फाइबर, बीटा कैरोटीन, मिनरल्‍स होते हैं जो बढ़े हुए यूरिक एसिड से होने वाले नुकसान को कम करने में मदद करते हैं। साथ ही नींबू में एंटीऑक्सिडेंट, विटामिन सी होते हैं, जो नैचुरली इम्यूनिटी को बढ़ाते हैं।

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