खबर शेयर करें -

शहर में सफाई व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और अनुशासित बनाने के लिए नई प्रणाली लागू की जा रही है। अब सफाई कर्मियों को अपनी उपस्थिति दर्ज करने के लिए पार्षदों के घरों में बायोमेट्रिक हाजिरी देनी होगी।

इस पहल का उद्देश्य सफाई कार्यों की निगरानी को सख्त करना और यह सुनिश्चित करना है कि सभी कर्मचारी अपने निर्धारित क्षेत्रों में नियमित रूप से काम करें। इस नई व्यवस्था के तहत, हर सफाई कर्मी को अपने वार्ड पार्षद के घर में स्थापित बायोमेट्रिक मशीन पर हाजिरी लगानी होगी, जिससे उनके कार्य समय और उपस्थिति पर नजर रखी जा सके।

प्रशासन का मानना है कि इससे सफाई व्यवस्था में सुधार होगा और किसी भी प्रकार की लापरवाही को रोका जा सकेगा। हालांकि, कुछ सफाई कर्मियों और संगठनों ने इस कदम पर सवाल उठाते हुए कहा कि इससे अनावश्यक दबाव बढ़ सकता है।

यह भी पढ़ें -  🌧️ उत्तराखंड में आज भी बिगड़ा रहेगा मौसम चार जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, पहाड़ से मैदान तक असर

शहर के कई वार्डों में यह प्रणाली जल्द ही लागू की जाएगी, जिससे स्थानीय सफाई व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके।

शहर की सफाई व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के लिए नगर निगम ने एक नई प्रणाली लागू की है। अब सफाई कर्मचारी और सफाई नायक अपने वार्ड के पार्षद के आवास पर बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज करेंगे। इसके लिए प्रत्येक वार्ड के पार्षद आवास पर बायोमेट्रिक मशीनें स्थापित की जाएंगी, जहां कर्मचारी अपनी उपस्थिति सुनिश्चित करेंगे।

यह भी पढ़ें -  🕉️ श्रावण कांवड़ यात्रा का भव्य आगाज आज से 11 अगस्त तक चलेगी यात्रा, 6000 जवानों की कड़ी सुरक्षा में शिवभक्त होंगे रवाना

बुधवार को नगर निगम में हुई बैठक में मेयर गजराज बिष्ट ने सफाई नायकों और स्वच्छता समिति के पदाधिकारियों के साथ चर्चा की। उन्होंने सुझाव मांगे और सफाई कर्मियों की समस्याएं सुनीं। इसके बाद निर्णय लिया गया कि कर्मचारियों की उपस्थिति उनके कार्यस्थल के नजदीक ही दर्ज की जाएगी, जिससे सफाई कार्यों की निगरानी बेहतर तरीके से की जा सके।

बैठक के दौरान सफाई नायकों ने अपनी परेशानियां साझा कीं, जिनमें सफाई उपकरणों की कमी, आईकार्ड न होने और बैठने की उचित व्यवस्था न होने की बात प्रमुख रही। उन्होंने चिकित्सा बीमा जैसी सुविधाओं की भी मांग रखी। इस पर मेयर ने आश्वासन दिया कि जल्द ही सभी सफाई कर्मचारियों को पहचान पत्र जारी किए जाएंगे और उनकी आवश्यकताओं को पूरा करने के प्रयास किए जाएंगे।

यह भी पढ़ें -  🌧️ उत्तराखंड में आज भी बिगड़ा रहेगा मौसम चार जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, पहाड़ से मैदान तक असर

मेयर ने जोर देकर कहा कि सफाई कर्मचारी नगर निगम का अहम हिस्सा हैं और उनकी मेहनत से ही शहर स्वच्छ और सुंदर बना रहेगा। उन्होंने सफाई नायकों को निर्देश दिया कि वे अपने वार्ड में कार्यरत कर्मचारियों के साथ तालमेल बनाकर कार्य करें और नागरिकों की शिकायतों को कम से कम रखें।

बैठक में नगर निगम के वरिष्ठ स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज कांडपाल, मुख्य सफाई निरीक्षक अमोल असवाल, उत्तरांचल स्वच्छकार समिति के प्रदेश अध्यक्ष रामअवतार राजौर, देवभूमि सफाई कर्मचारी संघ के पदाधिकारी राहत मसीह समेत 26 सफाई नायक उपस्थित रहे।

Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad