देहरादून (25 जून 2026)। उत्तराखंड के आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को सम्मानजनक जीवन प्रदान करने के संकल्प के साथ राज्य और केंद्र सरकार की एक महत्वाकांक्षी आवासीय परियोजना पूर्णता की ओर है। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत उधमसिंह नगर जनपद के रुद्रपुर स्थित ग्राम बागवाला में 1872 ईडब्ल्यूएस (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग) आवासों का निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा-निर्देशों के अनुरूप और सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार की सतत निगरानी में जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण द्वारा इस योजना को धरातल पर उतारा गया है।

आधे दाम पर मिलेगा ‘अपना घर’
इस परियोजना में कुल 1872 फ्लैट बनाए गए हैं, जिनमें से 832 फ्लैट पूरी तरह तैयार हैं और शेष 512 फ्लैटों में अंतिम चरण का कार्य गतिमान है। सरकार शीघ्र ही इस योजना का लोकार्पण कर लाभार्थियों को चाबियां सौंपने की तैयारी में है।
लागत और सब्सिडी: ₹6 लाख की लागत वाले इन आधुनिक फ्लैटों के लिए लाभार्थी को मात्र ₹3 लाख का भुगतान करना होगा। शेष ₹3 लाख की राशि केंद्र और राज्य सरकार द्वारा ₹1.5-1.5 लाख की सब्सिडी के रूप में वहन की जाएगी। शेष राशि के लिए बैंकों के माध्यम से ऋण (लोन) की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी।
आधुनिक और भूकंपरोधी सुविधाओं से लैस परिसर
- क्षेत्रफल: लगभग 6.0281 हेक्टेयर भूमि पर विकसित इस परिसर का निर्माण क्षेत्रफल 39,220 वर्ग मीटर है।
- संरचना: परिसर में कुल 23 बहुमंजिला ब्लॉक हैं। प्रत्येक फ्लैट (लगभग 28 वर्ग मीटर) में एक बेडरूम, ड्राइंग रूम, किचन, टॉयलेट, बाथरूम और बरामदा शामिल है।
- सुरक्षा: सभी भवनों का निर्माण भूकंपरोधी तकनीक से किया गया है। इसके साथ ही फायर फाइटिंग सिस्टम और इलेक्ट्रिकल सेफ्टी की जांच पूरी हो चुकी है।
- बुनियादी सुविधाएं: परिसर में चौड़ी सड़कें, पर्याप्त पार्किंग, अंडरग्राउंड व ओवरहेड टैंक के माध्यम से जलापूर्ति, हरित पार्क और बच्चों के लिए खेल क्षेत्र विकसित किए गए हैं।
- पर्यावरण संरक्षण: वर्षा जल संचयन (रेन वाटर हार्वेस्टिंग) और अत्याधुनिक सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) की व्यवस्था की गई है।
शानदार कनेक्टिविटी
बागवाला स्थित यह आवासीय परिसर मुख्य बाजार और प्रमुख मार्ग से मात्र 3 किलोमीटर, बस स्टेशन से 6 किलोमीटर और रेलवे स्टेशन से 8 किलोमीटर की दूरी पर है। इससे यहाँ रहने वाले परिवारों की शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार तक पहुँच बेहद सुगम होगी।
लॉटरी प्रणाली से पारदर्शी आवंटन (पात्रता शर्तें)
आवासों का आवंटन पूरी तरह पारदर्शी रखने के लिए कंप्यूटर आधारित रैंडमाइजेशन लॉटरी प्रणाली अपनाई जाएगी। इसके लिए निम्नलिखित शर्तें अनिवार्य हैं:
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- आवेदक का पीएम आवास योजना के एमआईएस (MIS) पोर्टल पर पंजीकृत होना आवश्यक है।
- आवेदक 17 जून 2015 से पूर्व का उत्तराखंड का मूल निवासी होना चाहिए।
- परिवार की वार्षिक आय ₹3 लाख या उससे कम होनी चाहिए।
- देश में कहीं भी आवेदक या उसके परिवार के पास पक्का मकान नहीं होना चाहिए।
- मात्र ₹5,000 की धनराशि जमा कर आवेदन प्रक्रिया प्रारंभ की जा सकती है।
सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार का वक्तव्य:
“मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार प्रत्येक पात्र परिवार को सुरक्षित और सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। बागवाला परियोजना में गुणवत्ता और सुरक्षा के सभी मानकों का कड़ाई से अनुपालन किया गया है। शीघ्र ही पारदर्शी लॉटरी प्रक्रिया के माध्यम से पात्र लाभार्थियों को चाबियां सौंप दी जाएंगी।”


