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 कांग्रेसी नेता हेमवती नंदन दुर्गपाल ने तहसील परिसर में सैकड़ों लोगों के बीच जमकर भाजपा सरकार पर तीखा आरोप लगाया। उन्होंने कहा, “हमारे तटबंध कहां गए? तटबंधों के नाम पर हो रहे भ्रष्टाचार को तुरंत बंद किया जाए।” उन्होंने जोर देकर कहा कि यह भ्रष्टाचार आम जनता के लिए जानलेवा साबित हो रहा है क्योंकि हर साल नदी तबाही मचाती रहती है, अब हम यह नहीं सहेंगे स्थाई समाधान चाहिए। अब हमारी लड़ाई स्थाई समाधान के लिए होगी उन्होंने पूर्व सैनिकों का जिक्र करते हुए कहा यहां के पूर्व फौजी और यहां की महान जनता जागरूक हो गई है हमें किसी भी कीमत पर स्थाई तटबंध चाहिए और उन तटबंधों का निर्माण समय से शुरू हो और उन तटबंधों का डिजाइन जो हमारे प्रदेश का सर्वोच्च संस्थान है iit से होना चाहिए

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हेमवती नंदन दुर्गपाल ने सवाल उठाया कि सुरक्षा के इंतजाम एक माह पहले ही क्यों किए जाते हैं, जबकि बरसात का सीजन शुरू होने से पहले ये इंतजाम हो जाने चाहिए। उनका कहना था, “बरसात से ठीक पहले तटबंध तैयार किए जाते हैं ताकि बारिश आने पर बह जाएं और फिर अगली बार फिर से भ्रष्टाचार हो।”

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उन्होंने सरकार से कड़ा सवाल करते हुए कहा, “यह खुला भ्रष्टाचार है, अगर सरकार समय रहते नहीं चेती तो हम प्रदेश स्तर तक आंदोलन करेंगे।” इस दौरान “बिंदुखत्ता एकता ज़िंदाबाद” के नारे भी लगाए।

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इस दौरान कांग्रेस के पूर्व केबिनेट मंत्री हरीश चन्द्र दुर्गापाल, वरिष्ठ कांग्रेस नेता हरेंद्र सिंह बोरा, कुंदन सिंह मेहता ब्लॉक के अध्यक्ष पुष्कर सिंह दानू सहित अन्य कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे

बिंदुखत्ता के सैकड़ों लोग तहसील परिसर में जुटे, जहां उन्होंने सरकार से जांच की मांग की और तटबंधों की खराब स्थिति को लेकर गहरा रोष जताया। यह स्थिति प्रशासन और सरकार की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े करती है।

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