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6 दिसंबर से गायब चल रहे युवक का शव आज सोमवार सुबह नगला बाईपास के पास जंगल किनारे मिलने से हड़कंप मच गया. सूचना पाकर वन विभाग और थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की. प्रथम दृष्टया हाथी के हमले से युवक की मौत होना प्रकाश में आया है. युवक की लालकुआं कोतवाली में गुमशुदगी दर्ज है. पुलिस ने शव को कब्जे में लेते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है.

6 दिसंबर से गायब था राकेश: मृतक की पहचान राकेश उर्फ हरपाल निवासी पूर्वी घोड़नाला बिंदुखत्ता लालकुआं के रूप में हुई है. परिजनों के मुताबिक राकेश 6 दिसंबर की सुबह 10 बजे अपनी साइकिल की दुकान की ओर निकला था. जब वह शाम को घर नहीं लौटा तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की. काफी ढूंढ खोज के बाद भी जब उसका कोई सुराग नहीं लगा, तो परिजनों ने लालकुआं कोतवाली में उसकी गुमशुदगी दर्ज करा दी.

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4 दिन से चल रही थी तलाश: तभी से परिजन और पुलिस टीम गुमशुदा राकेश की तलाश में जुटी हुई थी. 6 दिसंबर से तलाश करने के बाद भी न तो परिजनों को और न ही पुलिस को राकेश का कोई सुराग मिल पाया था. इसके बावजूद पुलिस ने हिम्मत नहीं हारी और वो लापता हुए युवक की तलाश में जुटे रहे.

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टांडा के जंगल में मिला राकेश का शव: सोमवार सुबह जंगल जा रहे लोगों ने नगला बाईपास सड़क किनारे टांडा जंगल से राकेश का शव बरामद किया. सूचना पाकर वन विभाग की टीम और थाना पुलिस मौके पर पहुंची. जांच के दौरान राकेश के शरीर में किसी भी तरह के निशान नहीं मिले हैं.

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हाथी के हमले से मौत की आशंका: प्रथम दृष्टया हाथी के हमले से युवक की मौत की आशंका जताई जा रही है. हाथी के हमले से मौत की आशंका इसलिए जताई जा रही है कि घटनास्थल पर मुंह और नाक से रक्तस्राव के निशान दिखे हैं. ऐसा माना जा रहा है कि हाथी ने जब उसे पैर से दबाया होगा तो तब ये खून निकला होगा. फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. रिपोर्ट आने के बाद ही असली कारणों का पता चल सकेगा.

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