लालकुआं (नैनीताल)। नैनीताल दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड द्वारा क्षेत्र के दुग्ध उत्पादकों को सशक्त, सजग और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से एक विशाल गोष्ठी का आयोजन किया गया। शनिवार को आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता दुग्ध संघ के अध्यक्ष मुकेश बोरा ने की। इस गोष्ठी में क्षेत्र की 7 प्रमुख दुग्ध समितियों के 300 से अधिक दुग्ध उत्पादकों ने उत्साह के साथ हिस्सा लिया।
सरकार दुग्ध उत्पादकों के हितों के लिए प्रतिबद्ध: मुकेश बोरा
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अध्यक्ष मुकेश बोरा ने कहा कि प्रदेश के दुग्ध विकास मंत्री सौरभ बहुगुणा के मार्गदर्शन में राज्य सरकार पशुपालकों के कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने सरकार द्वारा संचालित विभिन्न लाभकारी योजनाओं का उल्लेख करते हुए उत्पादकों से आह्वान किया कि वे इन योजनाओं का लाभ उठाकर अपनी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ करें।
बोरा ने स्पष्ट किया कि दुग्ध संघ का संकल्प केवल दूध का संकलन करना ही नहीं है, बल्कि हर दुग्ध उत्पादक को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है।
उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 80 उत्पादक हुए सम्मानित
गोष्ठी के दौरान नैनीताल दुग्ध संघ की ओर से एक सराहनीय पहल की गई। अधिक दुग्ध विक्रय करने वाले क्षेत्र के 80 दुग्ध उत्पादकों को बोनस एवं पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस सम्मान से पशुपालकों के बीच हर्ष का माहौल दिखा और उनका मनोबल बढ़ा।
समस्याओं का मौके पर समाधान और भविष्य की रणनीति
गोष्ठी में केवल संवाद ही नहीं हुआ, बल्कि दुग्ध उत्पादकों की व्यावहारिक समस्याओं, सुझावों और उनकी अपेक्षाओं पर भी गंभीर चर्चा की गई। अध्यक्ष ने सभी उत्पादकों को भरोसा दिलाया कि उनकी समस्याओं का शीघ्र निस्तारण किया जाएगा।
उपस्थिति और सहभागिता:
कार्यक्रम में गहना, दरमोली, पोखरी, पंगराड़ी, भदोठी, शशबनी एवं अनूपरपा दुग्ध समितियों के पदाधिकारियों सहित भारी संख्या में जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। मुख्य रूप से:
- अधिकारी: सामान्य प्रबंधक अनुराग शर्मा, संजय भाकुनी (प्रशासन), सुभाष बाबू (P&I), पशु चिकित्सक बिमल भट्ट।
- जनप्रतिनिधि: पूर्व विधायक भीमताल दान सिंह भंडारी, ब्लॉक प्रमुख दीपक कुमार, जिला पंचायत सदस्य ज्योति आर्या।
- महिला शक्ति: गीता ओझा (महिला डेयरी प्रभारी), नीमा शाह, रेखा आर्या, ग्राम प्रधान सीमा आर्या एवं गोदावरी देवी।
इस सफल आयोजन ने क्षेत्र के दुग्ध उत्पादकों में एक नई ऊर्जा का संचार किया है, जो भविष्य में श्वेत क्रांति को और अधिक गति प्रदान करेगा।


