ADVERTISEMENTS Ad
खबर शेयर करें -

आमतौर पर हमारे शरीर में दो तरह का कोलेस्ट्रॉल पाया जाता है. जिसे गुड कोलेस्ट्रॉल और बैड कोलेस्ट्रॉल कहा जाता है. गुड कोलेस्ट्रॉल खून में जमने वाले फैट को कम करने में मदद करता है और हमारी धमनियों को साफ रखता है ताकी दिल तक खून का प्रवाह सही तरह से हो सके. वहीं, बैड कोल्स्ट्रॉल को काफी खतरनाक माना जाता है.

कोलेस्ट्रॉल हमारे खून में मौजूद एक वैक्स जैसा पदार्थ होता है. कोलेस्ट्रॉल का लेवल 200 mg/dL से ज्यादा होने पर हाई कोलेस्ट्रॉल की समस्या का सामना करना पड़ता है. हमारे खून में दो तरह का कोलेस्ट्रॉल पाया जाता है, गुड कोलेस्ट्रॉल (High Density Lipoprotein) और बैड कोलेस्ट्रॉल (Low Density Lipoprotein). बैड कोलेस्ट्रॉल को काफी खतरनाक माना जाता है. धमनियों में बैड कोलेस्ट्रॉल की मात्रा बढ़ने पर दिल तक खून सही मात्रा में नहीं पहुंच पाता जिस कारण हार्ट अटैक और स्ट्रोक आदि का खतरा बढ़ जाता है.  शरीर में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा का पता आप ब्लड टेस्ट के जरिए लगा सकते हैं.

हाई कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करने के लिए हेल्दी डाइट और लाइफस्टाइल को जरूरी माना जाता है. लेकिन कई बार हेल्दी डाइट और लाइफस्टाइल फॉलो करने के बावजूद भी लोगों का कोलेस्ट्रॉल लेवल कम नहीं हो पाता. इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं आइए जानते हैं इनके बारे में विस्तार से –

प्रत्येक माह में कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कालाष्टमी मनाई जाती है, मासिक कालाष्टमी आज, जानें शुभ मुहूर्त, पूजन विधि और उपाय

आपकी डाइट में छिपे हो सकते हैं खतरनाक फैट्स- कोलेस्ट्रॉल को कम करने के लिए हेल्दी डाइट को काफी जरूरी माना जाता है. अक्सर लोग हेल्दी डाइट उसे मानते हैं जिसमें बिल्कुल भी फैट ना हो. लेकिन डॉक्टर्स का मानना है कि अनसैचुरेटेड फैट और लिक्विड फैट सेहत के लिए फायदेमंद होते हैं और सैचुरेटेड फैट शरीर के लिए नुकसानदायक साबित होते हैं. इसके अलावा एक और फैट होता है जिसे ट्रांस फैट कहा जाता है और इस फैट पर लोग ज्यादा ध्यान नहीं देते .

ट्रांस फैट एक ऐसा फैट है जिसका इस्तेमाल आजकल सभी चीजों में किया जाता है. इसे काफी अनहेल्दी माना जाता है . ऐसे में जरूरी है कि आप ऐसी चीजों का सेवन बिल्कुल भी ना करें जिसमें सैचुरेटेड और ट्रांस फैट मौजूद होता है.

डाइट का सही ना होना-  अक्सर लोग कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करने के लिए हेल्दी डाइट लेते हैं लेकिन कई बार ये डाइट कोलेस्ट्रॉल को कम करने के लिए पर्याप्त नहीं होती. डॉक्टर्स का कहना है कि जिन लोगों का कोलेस्ट्रॉल लेवल हाई होता है उन्हें कीटो डाइट नहीं करनी चाहिए. एक अच्छी डाइट के लिए जरूरी है कि आप डॉक्टर्स से संपर्क करें.

भारत के ‘कट्टर दुश्मन’ की वकालत क्यों करती हैं महबूबा मुफ्ती? रिपोर्ट में आयी बड़ी वजह सामने 

आपका कोलेस्ट्रॉल मैनेजमेंट प्लान हेल्दी ना होना- सिर्फ जीरो फैट डाइट और ऑर्गेनिक सब्जियों का सेवन करने से कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम नहीं किया जा सकता है. इसके लिए पूरी प्लानिंग की जरूरत पड़ती है. इसके लिए जरूरी है कि आप अपने शरीर को एक्टिव रखें और दवाइयों का सावधानी से सेवन करें.

फिजिकली एक्टिव ना होना- कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करने के लिए डाइट और हेल्दी लाइफस्टाइल के साथ ही फिजिकल एक्टिविटीज भी काफी ज्यादा जरूरी मानी जाती हैं. कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करने से लिए रोजाना कम से कम 30 मिनट वॉक जरूर करें.

शराब का सेवन करना-शराब का सेवन करने से कोलेस्ट्रॉल लेवल पर काफी  बुरा असर पड़ता है. अगर आप रोजाना कोलेस्ट्रॉल की दवाइयां खा रहे हैं और शराब भी पीते हैं तो दवाइयों का आपके शरीर पर कोई असर नहीं पड़ेगा. अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के मुताबिक, 1 दिन में सिर्फ 2 ड्रिंक ही पीनी चाहिए.

दवाइयों की सही डोज ना लेना- कोलेस्ट्रॉल लेवल कम ना होने का एक और मुख्य कारण दवाइयों की सही डोज ना लेना भी है. जरूरी है कि आप अपने कोलेस्ट्रॉल लेवल की जांच कराएं और रिपोर्ट को डॉक्टर्स को दिखाएं. डॉक्टर्स की ओर से दी गई दवाइयों का सही समय और मात्रा में सेवन करें.

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad