breaking news
खबर शेयर करें -

पिथौरागढ़। उत्तराखंड के सीमांत जिले पिथौरागढ़ से सोशल मीडिया पर एक बेहद चौंकाने वाला वीडियो तेजी से प्रसारित हो रहा है। इस वीडियो में जारा जिबली गांव के डाकघर में तैनात एक महिला कर्मचारी और स्थानीय ग्रामीणों के बीच तीखी नोकझोंक होती दिखाई दे रही है। विवाद के दौरान महिला कर्मचारी कथित तौर पर एक ग्रामीण को यह कहते हुए धमकी दे रही है, “लड़की हूँ, तुझे फंसा दूँगी।” यह वीडियो सामने आने के बाद पूरे क्षेत्र में इस पर व्यापक चर्चा और आक्रोश देखा जा रहा है।

दस्तावेजों की पेंडेंसी को लेकर भड़का विवाद

​प्राप्त विवरण के अनुसार, इस पूरे विवाद की मुख्य वजह डाकघर में पहचान पत्रों ([Aadhaar Omitted]) और अन्य महत्वपूर्ण सरकारी दस्तावेजों के वितरण में हो रही अत्यधिक देरी है। ग्रामीणों का आरोप है कि डाकघर के कर्मचारियों की लापरवाही के चलते कई महीनों से उनके जरूरी दस्तावेज और डाक उन तक नहीं पहुँचाए जा रहे थे, जिससे जनता को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा था।

यह भी पढ़ें -  लालकुआँ: यूनिट हेड प्रणव शर्मा ने फहराया तिरंगा; बोले- 'सुरक्षा, गुणवत्ता और अनुशासन ही सच्ची स्वतंत्रता'

पूछताछ करने पर शुरू हुई नोकझोंक

घटनाक्रम: बताया जा रहा है कि जब एक स्थानीय ग्रामीण आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी लेने डाकघर पहुँचा, तो उसे वहाँ बड़ी संख्या में अवितरित पहचान पत्र रखे हुए मिले। इस पर जब उसने कर्मचारियों से सवाल किया कि इतने महत्वपूर्ण दस्तावेज लाभार्थियों तक समय पर क्यों नहीं पहुँचाए गए, तो डाककर्मी भड़क गए। देखते ही देखते बातचीत ने एक उग्र विवाद का रूप ले लिया।

 

यह भी पढ़ें -  लालकुआं:काम शुरू होने से पहले ही लग गया 'शुभारंभ' का पत्थर, निरस्त टेंडर के बीच श्रेय की सियासत पर उठे सवाल

विभाग ने शुरू की जांच, लापरवाही उजागर

​ग्रामीणों का कहना है कि इस क्षेत्र में डाक वितरण की समस्या लंबे समय से बनी हुई है और पूर्व में भी इसकी शिकायतें की जा चुकी हैं। दूसरी ओर, डाकघर प्रबंधन ने इन आरोपों को खारिज करते हुए तर्क दिया कि कई बार संबंधित लाभार्थी फोन कॉल का उत्तर नहीं देते, जिससे वितरण में बाधा आती है।

यह भी पढ़ें -  लालकुआं (बड़ी खबर) सांसद अजय भट्ट ने स्वतंत्रता दिवस पर रिबन काटकर किया लोकार्पण, नगर के प्रवेश मार्गों को मिला नया व आकर्षक स्वरूप

​वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होने और मामले के तूल पकड़ने के बाद डाक विभाग के उच्चाधिकारियों ने इस पर संज्ञान लिया है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, मामले की विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक निरीक्षण के दौरान डाकघर से भारी मात्रा में अवितरित डाक और सरकारी दस्तावेज बरामद होने की बात भी सामने आई है, जिसके बाद दोषी कर्मचारियों पर गाज गिरना तय माना जा रहा है।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad