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राज्य में कांग्रेस के नेता भाजपा के हिंदुत्व के एजेंडे में न फंसे, इसके लिए बाकायदा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष की ओर से चिट्ठी जारी की गई है। मुख्यमंत्री सहित भाजपा नेताओं ने सरकारी भूमि पर अवैध धार्मिक स्थलों खासकर मजारों को लेकर अभियान छेड़ रखा है। कांग्रेस इससे बेचैन है, लेकिन वह इस मुद्दे से खुद को दूर रखना चाहती है।

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अल्मोड़ा के द्वाराहाट से कांग्रेस विधायक मदन बिष्ट ने लैंड जिहाद पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की मुहिम का समर्थन कर अपनी पार्टी को असहज कर दिया है। बिष्ट ने अतिक्रमण कर बनाई गईं मजारों को हटाने की मुहिम का समर्थन किया है। उनके अनुसार, यह फैसला सड़क सुरक्षा की दृष्टि से भी सही है।

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इतना ही नहीं उन्होंने कांग्रेस पार्टी को भी आड़े हाथ लिया है, उनके अनुसार बड़े नेताओं ने पार्टी का बंटाधार कर दिया। अब कोई कांग्रेस संगठन से नहीं जुड़ना चाहता है। बिष्ट के इस बयान से जहां कांग्रेस असहज नजर आ रही है, वहीं भाजपा को उस पर हमला करने का एक और मौका मिल गया गया है।

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राज्य में कांग्रेस के नेता भाजपा के हिंदुत्व के एजेंडे में न फंसे, इसके लिए बाकायदा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष की ओर से चिट्ठी जारी की गई है। मुख्यमंत्री सहित भाजपा नेताओं ने सरकारी भूमि पर अवैध धार्मिक स्थलों खासकर मजारों को लेकर अभियान छेड़ रखा है।

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रणनीति का हिस्सा

कांग्रेस इससे बेचैन है, लेकिन वह इस मुद्दे से खुद को दूर रखना चाहती है। सियासी जानकारों का मानना है कि हिंदुत्व के मुद्दे को आगे बढ़ाते हुए भाजपा इसे लैंड जिहाद का नाम देकर भुनाना चाहती है। कांग्रेस इस पर पलटवार करे, यह भी उनकी रणनीति का हिस्सा है।

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कांग्रेस नेता अब तक इस मुद्दे पर कन्नी काटते रहे हैं। खुद अध्यक्ष करन माहरा इस मुद्दे पर मीडिया में बयान देने से बचते रहे हैं। उनका साफ कहना है कि किसी भी अतिक्रमण को धार्मिक चश्मे से नहीं देखा जाना चाहिए।

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