देहरादून/नैनीताल। उत्तराखंड में मौसम के बदले मिजाज ने भारी बर्फबारी के साथ चुनौतियों का अंबार लगा दिया है। चंडीगढ़ स्थित डिफेंस जियोइन्फॉर्मेटिक्स रिसर्च एस्टैब्लिशमेंट (DGRE) ने प्रदेश के 5 पहाड़ी जिलों में हिमस्खलन (एवलांच) की गंभीर चेतावनी जारी की है। बसंत पंचमी के अवसर पर हुई इस बर्फबारी ने जहां पर्यटकों के चेहरे खिला दिए हैं, वहीं प्रशासन ने सुरक्षा की दृष्टि से कड़े कदम उठाए हैं।
हिमस्खलन (एवलांच) का हाई अलर्ट
DGRE द्वारा जारी बुलेटिन के अनुसार, शनिवार शाम 5 बजे तक 2800 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हिमस्खलन का भारी जोखिम है:
- डेंजर लेवल-3: उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग और पिथौरागढ़।
- डेंजर लेवल-2: बागेश्वर जिला। प्रशासन ने लोगों को बर्फ से लदी ढलानों और पुराने हिमस्खलन क्षेत्रों से दूर रहने की सख्त सलाह दी है।
10 जिलों में बर्फबारी और ऑरेंज अलर्ट
बसंत पंचमी पर प्रदेश के 10 जिलों में जमकर हिमपात हुआ है। मौसम विभाग ने अगले कुछ घंटों के लिए चमोली, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी और देहरादून के ऊंचाई वाले इलाकों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
8 जिलों में स्कूलों की छुट्टी
सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए प्रशासन ने ऊधम सिंह नगर, उत्तरकाशी, देहरादून, टिहरी, चंपावत, पिथौरागढ़, पौड़ी गढ़वाल और अल्मोड़ा में कक्षा 1 से 12 तक के सभी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में शनिवार (24 जनवरी) को अवकाश घोषित कर दिया है।
विशेष: नैनीताल प्रशासन की गाइडलाइन (पर्यटकों और निवासियों के लिए)
खबर में वर्णित परिस्थितियों और नैनीताल में हुई बर्फबारी को देखते हुए जिला प्रशासन ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं:
- यातायात प्रतिबंध: नैनीताल शहर के ऊपरी इलाकों (जैसे किल्वरी, पंगोट और टिफिन टॉप) की ओर जाने वाले मार्गों पर पाला गिरने और सड़क पर फिसलन के कारण वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित किया गया है। केवल 4×4 (फोर-व्हील ड्राइव) वाहनों या चेन लगे टायरों वाले वाहनों को ही अनुमति दी जा सकती है।
- पर्यटकों के लिए सलाह: बाहरी राज्यों से आने वाले पर्यटकों को सलाह दी गई है कि वे अंधेरा होने से पहले अपने होटलों में लौट आएं। पाले (Black Ice) के कारण रात में ड्राइविंग अत्यंत घातक हो सकती है।
- बिजली और पानी की आपूर्ति: विद्युत विभाग और जल संस्थान को अलर्ट पर रखा गया है ताकि बर्फबारी के कारण होने वाली लाइनों की क्षति को तत्काल ठीक किया जा सके।
- सड़क सफाई: नगर पालिका और PWD को माल रोड और नैनीताल-हल्द्वानी मोटर मार्ग पर नमक और चूने का छिड़काव करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि मार्ग सुचारू रहे।
- आपातकालीन संपर्क: किसी भी आपदा या वाहन के फंसने की स्थिति में जिला आपदा प्रबंधन केंद्र (DDMA) के हेल्पलाइन नंबरों पर तुरंत सूचित करने को कहा गया है।’


