खबर शेयर करें -

नागौर. साइबर फ्रॉड अपराधियों के खिलाफ नागौर पुलिस की ओर से लगातार कार्रवाई जारी है. दो दिन पहले दिल्ली और उत्तर प्रदेश से आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया था. अब कोतवाली पुलिस ने साइबर ठगी केस के मुख्य आरोपी सुफियान इस्माइल शेख को मुंबई से धर दबोचा है. आरोपी शेयर मार्केट में अधिक मुनाफा दिलाने का झांसा देता था और अलग-अलग फर्मों के खातों में रुपये जमा करवाता था. आरोपी ने 87 लाख 3 हजार की ठगी को अंजाम दिया था.

पुलिस ने इस पूरे मामले में अब तक कुल 150 से अधिक बैंक खाते फ्रीज करवाए हैं. आरोपी के अंतरराज्यीय साइबर ठगी की गैंग से संबंध थे. आरोपी सुफियान ने पूरे भारत में 72 स्थानों पर ठगी की वारदातों को अंजाम दिया. सबसे ज्यादा हैरानी की बात यह है कि एक महीने में आरोपी ने कुल 4 करोड़ 45 लाख रुपये की ठगी की. पूरी राशि को दूसरे खातों में ट्रांसफर कर लिया. आरोपी अपना करंट अकाउंट खुलवाए थे. साइबर आपराधियों को अकाउंट उपलब्ध करवाता था.

नागौर एएसपी सुमित कुमार ने साइबर अपराधियों को पकड़ने के लिए एक टीम का गठन किया था. कोतवाली थानाधिकारी मनीष देव के नेतृत्व में गठित टीम मुंबई पहुंची और मुख्य आरोपी सुफियान इस्माइल शेख को गिरफ्तार किया. टीम में हेड कांस्टेबल प्रेमाराम, प्रेमराज, पारस व राकेश सांगवा भी थे. टीम ने 87 लाख रुपये की साइबर ठगी के मामले में इस पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया और कड़ियों को जोड़ते हुए मुंबई तक पहुंची.

दरअसल, कोतवाली थाने में मुनव्वर पुत्र मो. सुलेमान तैली ने पिछले दिनों एक रिपोर्ट दर्ज कराई थी. रिपोर्ट में उसने बताया कि कुछ लोगों ने जी 1 – एसएसजीए एक्सचेंज एंड स्टडी क्लब के नाम से एक ग्रुप बना रखा है. उस ग्रुप के व्यक्तियों ने अलग- अलग अकाउंट नंबर में कुल राशि 87.03 लाख रुपए जमा करवाकर उसके साथ ठगी की है. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की तो हैरान करने वाली जानकारी सामने आई.

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad