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देहरादून/नैनीताल: पश्चिम एशिया में गहराते भू-राजनीतिक तनाव और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में आई भारी तेजी का सीधा असर अब उत्तराखंड के आम उपभोक्ताओं पर पड़ने लगा है। शुक्रवार को प्रदेश भर में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में जबरदस्त बढ़ोतरी दर्ज की गई, जिससे परिवहन से लेकर दैनिक उपभोग की वस्तुओं के महंगे होने के आसार बढ़ गए हैं।

​प्रमुख शहरों में नए दामों की स्थिति

​तेल कंपनियों द्वारा जारी नई दरों के बाद राज्य के प्रमुख मैदानी और तराई क्षेत्रों में कीमतों का ग्राफ कुछ इस प्रकार है:

  • ​देहरादून: राजधानी में पेट्रोल 2.68 रुपये महंगा होकर 96.23 रुपये प्रति लीटर पर पहुँच गया है। वहीं डीजल में 2.91 रुपये की वृद्धि के साथ नई कीमत 91.35 रुपये हो गई है।
  • ​हरिद्वार: धर्मनगरी में पेट्रोल 95.41 रुपये और डीजल 90.63 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। यहाँ डीजल की कीमतों में 3.10 रुपये की बढ़त देखी गई है।
  • ​नैनीताल: पर्यटन नगरी नैनीताल में ईंधन के दामों ने बड़ा उछाल मारा है। यहाँ पेट्रोल 3.19 रुपये की बढ़त के साथ 96.30 रुपये और डीजल 3.24 रुपये की वृद्धि के साथ 91.27 रुपये प्रति लीटर के स्तर पर पहुँच गया है।
  • ​रुड़की: यहाँ पेट्रोल 95.29 रुपये और डीजल 90.50 रुपये प्रति लीटर है, जबकि प्रीमियम ‘स्पीड पेट्रोल’ की कीमत 104.50 रुपये प्रति लीटर दर्ज की गई।
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​पहाड़ी जिलों में बढ़ी मुश्किलें: ₹98 के करीब पहुँचा पेट्रोल

​उत्तराखंड के दुर्गम पहाड़ी जिलों में भौगोलिक चुनौतियों और उच्च परिवहन लागत के कारण ईंधन की कीमतें मैदानी इलाकों की तुलना में अधिक बनी हुई हैं।

  • ​अल्मोड़ा, चमोली, उत्तरकाशी और टिहरी: इन जिलों में पेट्रोल की कीमतें 98 रुपये प्रति लीटर के करीब पहुँच गई हैं।
  • ​डीजल में अल्मोड़ा सबसे ऊपर: अल्मोड़ा जिला वर्तमान में राज्य का सबसे महंगा क्षेत्र बन गया है, जहाँ डीजल की कीमत 92.68 रुपये प्रति लीटर तक जा पहुँची है।
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​क्यों बढ़ रहे हैं दाम?

​बाजार विशेषज्ञों और तेल कंपनियों के अनुसार, इस मूल्य वृद्धि के पीछे मुख्य रूप से तीन कारण जिम्मेदार हैं:

  1. ​वैश्विक तनाव: पश्चिम एशिया (Mid-East) में जारी अस्थिरता के कारण आपूर्ति श्रृंखला बाधित होने की आशंका।
  2. ​रुपये की कमजोरी: डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये के मूल्य में गिरावट।
  3. ​कच्चा तेल: अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क में क्रूड ऑयल की कीमतों का लगातार बढ़ना।
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​बढ़ेगी महंगाई की तपिश

​ईंधन के दामों में इस अचानक वृद्धि का व्यापक असर दिखने की संभावना है। मालभाड़ा (Logistics) बढ़ने के कारण फल, सब्जी और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में भी उछाल आ सकता है। यदि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें इसी प्रकार बढ़ती रहीं, तो आने वाले दिनों में आम जनता को महंगाई का और कड़ा सामना करना पड़ सकता है।

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By पंकज शर्मा

निष्पक्ष, सटीक और त्वरित समाचार आप तक पहुँचाने के संकल्प के साथ 'अग्रसर भारत' की नींव रखी गई है। डिजिटल मीडिया पत्रकारिता (DJNM) में प्रशिक्षित संपादक पंकज शर्मा के नेतृत्व में हमारा लक्ष्य हर खबर को उसकी सच्चाई और जिम्मेदारी के साथ आपके सामने लाना है।