ADVERTISEMENTS Ad
खबर शेयर करें -

जमरानी बांध: 85% पूरा हुआ सुरंगों का काम, जून 2029 तक साकार होगा हल्द्वानी का सपना

​हल्द्वानी (अग्रसर भारत डेस्क): कुमाऊं की सबसे महत्वाकांक्षी ‘जमरानी बहुउद्देशीय बांध परियोजना’ को लेकर प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में है। कैंप कार्यालय हल्द्वानी में आयोजित एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत ने परियोजना की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह प्रोजेक्ट क्षेत्र की प्यास बुझाने और समृद्धि लाने के लिए मील का पत्थर है, इसलिए इसके कार्यों में किसी भी स्तर पर देरी या गुणवत्ता में कमी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

यह भी पढ़ें -  हल्द्वानी में गर्दन की मालिश के बाद 24 वर्षीय महिला की मौत, परिजनों ने पहलवान पर लगाए गंभीर आरोप

​जून 2026 तक बदल जाएगा नदी का रास्ता

​बैठक में परियोजना के महाप्रबंधक महेश खरे ने एक बड़ी उपलब्धि साझा की। उन्होंने बताया कि बांध के लिए बनाई जा रही दोनों सुरंगों (Tunnels) का 85 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है।

  • ​नदी डायवर्जन: नदी के पानी को मोड़ने के लिए दो कॉफर डैम का निर्माण शुरू हो गया है।
  • ​डेडलाइन: जून 2026 तक सुरंग और कृत्रिम बांध का काम पूरा कर लिया जाएगा, जिससे अगले मानसून में नदी का जल डायवर्ट कर मुख्य बांध का निर्माण तेज किया जा सके।

​2029 तक पूर्णता का लक्ष्य

​कुमाऊं आयुक्त ने बताया कि जमरानी बांध का संपूर्ण निर्माण कार्य जून 2029 तक पूरा करने का लक्ष्य है। इस परियोजना के पूरा होने से न केवल हल्द्वानी को 2053 तक पीने का पानी मिलेगा, बल्कि सिंचाई और बिजली उत्पादन में भी क्रांतिकारी बदलाव आएगा।

यह भी पढ़ें -  (ब्रेकिंग न्यूज) नैनीताल: ​विधानसभा टिकट की रेस से सीधे राज्यसभा पहुंचे दिनेश आर्य, जानिए

​शहरी क्षेत्र और पुनर्वास पर विशेष ध्यान

​बैठक में आयुक्त दीपक रावत ने दो मुख्य बिंदुओं पर विशेष निर्देश दिए:

  1. ​फीडर कवरिंग: हल्द्वानी शहरी क्षेत्र से गुजरने वाली जमरानी कैनाल की फीडर लाइन को सुरक्षित कवर किया जाए ताकि जनता को असुविधा न हो।
  2. ​पुनर्वास: उधम सिंह नगर के किच्छा (पराग फार्म) में बन रही विस्थापितों की आवासीय कॉलोनी का काम उच्च मानकों के साथ समय पर पूरा हो।
यह भी पढ़ें -  🚗🏔️ तीन दिन की छुट्टी में पहाड़ों पर सैलानियों का सैलाब, हिमाचल से उत्तराखंड तक महाजाम; कैंचीधाम में 35 हजार श्रद्धालु

​बैठक में ये रहे मौजूद

​समीक्षा के दौरान सहायक निदेशक (अर्थ एवं संख्या) राजन तिवारी, उप महाप्रबंधक बी.बी. पांडे सहित सिंचाई और विद्युत विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

​ब्यूरो रिपोर्ट: अग्रसर भारत न्यूज

​प्रमुख बिंदु (Quick Facts):

  • ​टनल कार्य: 85% संपन्न।
  • ​मुख्य बांध का लक्ष्य: जून 2029 तक।
  • ​फायदा: पेयजल, 14 मेगावाट बिजली और हजारों हेक्टेयर में सिंचाई।
  • ​पुनर्वास स्थल: पराग फार्म, किच्छा।

​

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad