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हल्द्वानी: अपने परिवार को सुरक्षा देने की मांग को लेकर आरटीआई कार्यकर्ता भुवन चंद्र पोखरिया ने पुलिस बहुउद्देशीय भवन में हंगामा कर दिया, आरटीआई कार्यकर्ता को पुलिस से अभद्रता करना भारी पड़ गया। पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के बाद पोखरिया को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।

आरटीआई कार्यकर्ता भुवन पोखरिया ने अपनी और अपने परिवार पर हुए हमले के बाद सुरक्षा की मांग की थी, लेकिन उन्हें सुरक्षा मुहैया नहीं कराई गई। बीते बुधवार को भुवन पोखरिया पुलिस बहुउद्देशीय भवन पहुंचे और उन्होंने वहां पर आपा खो दिया। भुवन चंद्र पोखरिया परिवार के साथ अपनी कार से हल्द्वानी स्थित अपनी बहन के घर जा रहे थे। इस दौरान उन पर स्कार्पियो सवार लोगों द्वारा जानलेवा हमला किया गया था। इसकी शिकायत करने और अपनी सुरक्षा को लेकर भवन पुलिस बहुउद्देशीय भवन पहुंचे थे।

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हुआ था जानलेवा हमला

बता दें कि चोरगलिया निवासी भुवन चंद्र पोखरिया अपनी पत्नी और बेटी के साथ 3 दिन पहले अपनी कार से हल्द्वानी स्थित अपनी बहन के घर जा रहे थे। इसी दौरान दानीबंगर मोड़ के पास काले रंग की स्कॉर्पियो सवार चार लोगों ने तलवारों से उनकी कार पर हमला किया। इस मामले में कोतवाली पुलिस ने अज्ञात हमलावरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस द्वारा कार्रवाई में देरी और सुरक्षा की मांग को लेकर भुवन पोखरिया बुधवार को पुलिस बहुउद्देशीय भवन पहुंचे। यहां एसएसपी से मुलाकात न होने पर उन्होंने हंगामा शुरू कर दिया।

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पुलिस ने की शांत कराने की कोशिश

एलआईयू के एसआई मनोज ने उन्हें शांत कराने की कोशिश की, लेकिन वह नहीं माने और एसआई सहित अन्य पुलिस अधिकारियों को अपशब्द कहने लगे। इससे भवन का कामकाज प्रभावित हो गया। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। बाद में भुवन पोखरिया के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया। गुरुवार को भुवन पोखरिया को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।

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