खबर शेयर करें -

हल्द्वानी/नैनीताल (अग्रसर भारत डेस्क): पश्चिम एशिया (Middle East) में ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते सैन्य तनाव को देखते हुए नैनीताल जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क मोड पर आ गया है। इस संघर्ष के कारण वहां रह रहे भारतीय नागरिकों, विशेषकर नैनीताल जिले के प्रवासियों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं। जिला प्रशासन ने अब विदेश में नौकरी या व्यवसाय कर रहे जिले के नागरिकों का डेटा संकलित करना शुरू कर दिया है।

यह भी पढ़ें -  ​बिंदुखत्ता: भव्य तिरंगा बाइक रैली

सुरक्षित वापसी की तैयारी में प्रशासन

नैनीताल की जिलाधिकारी (DM) ने स्पष्ट किया है कि शासन के निर्देशों के क्रम में उन सभी नागरिकों का विवरण जुटाया जा रहा है जो वर्तमान में तनावग्रस्त क्षेत्रों में मौजूद हैं। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि यदि स्थिति बिगड़ती है, तो केंद्र और राज्य सरकार के समन्वय से प्रवासियों को सुरक्षित वापस लाया जा सके या उन्हें आवश्यक मदद पहुंचाई जा सके।

परिजनों से संपर्क की अपील

यह भी पढ़ें -  ​लालकुआं: समिति चुनाव की आचार संहिता का पूर्ण पालन करते हुए देशभक्ति के साथ संपन्न हुआ उत्सव, वीडियो

प्रशासन ने तहसील स्तर पर अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने क्षेत्रों के उन परिवारों से संपर्क करें जिनके सदस्य खाड़ी देशों या तनावग्रस्त इलाकों में हैं। इसके साथ ही, प्रभावित क्षेत्रों में रह रहे प्रवासियों के परिजनों से भी अनुरोध किया गया है कि वे अपने परिजनों की जानकारी जिला आपदा प्रबंधन केंद्र या संबंधित तहसील कार्यालय में साझा करें।

सतर्कता और समन्वय

वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, जिला प्रशासन लगातार विदेश मंत्रालय और राज्य सरकार के संपर्क में है। प्रवासियों के नाम, पासपोर्ट नंबर, वर्तमान पता और संपर्क सूत्र की एक सूची तैयार की जा रही है ताकि आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके।

यह भी पढ़ें -  (लालकुआं ब्रेकिंग): विधायक पर अभद्र टिप्पणी, FIR

अग्रसर भारत की ओर से अपील:

“यदि आपके परिवार का कोई सदस्य या परिचित वर्तमान में ईरान, इजरायल या आसपास के प्रभावित देशों में है, तो कृपया उनकी जानकारी स्थानीय प्रशासन को अवश्य दें। सतर्कता ही सुरक्षा का पहला कदम है।”

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad